
मुंबई:पिछले 12 वर्षों से देश को ‘चौकीदार ही चोर है’ जैसी पृष्ठभूमि मिली है और जब से नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री बने हैं, तब से किसान लगातार संकट में है। किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य नहीं मिल रहा है, खेती करना महंगा हो गया है, किसानों की आत्महत्याएं बढ़ी हैं और बेरोजगारी भी लगातार बढ़ रही है। लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी किसान, महिलाओं पर अत्याचार, बेरोजगारी और महंगाई जैसे गंभीर मुद्दों पर पूरी तरह मौन हैं। अमेरिका के सामने नरेंद्र मोदी के आत्मसमर्पण करने के कारण अब देश के किसानों और कृषि के सामने गंभीर संकट खड़ा हो गया है। किसानों के मुद्दों की अनदेखी करने वाली भाजपा सरकार को सत्ता से हटाए बिना किसान शांत नहीं बैठेंगे। यह बात महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल Harshwardhan vasantrao sapkal ने कही।
छत्रपति संभाजीनगर जिले के वैजापुर में किसान सम्मेलन आयोजित किया गया। इस अवसर पर सांसद डॉ. कल्याण काले, पूर्व मंत्री अनिल पटेल, छत्रपति संभाजीनगर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष किरण पाटील डोणगांवकर, पूर्व विधायक नामदेवराव पवार, एनएसयूआई के प्रदेशाध्यक्ष सागर सालुंखे, प्रवक्ता हनुमंत पवार सहित कांग्रेस के नेता, पदाधिकारी, कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में किसान उपस्थित थे।
इस अवसर पर हर्षवर्धन सपकाल ने आगे कहा कि नरेंद्र मोदी सरकार को जनता की कोई चिंता नहीं है। वह केवल चुनिंदा उद्योगपतियों के हितों की रक्षा करने में लगी हुई है। ‘हम दो, हमारे दो’ की नीति के तहत भाजपा सरकार केवल अदानी और अंबानी जैसे चुनिंदा उद्योगपतियों के लिए काम कर रही है। स्मार्ट मीटर लगाकर जनता को लूटा जा रहा है और स्मार्ट मीटर से मिलने वाला पैसा अदानी तथा भाजपा की जेब में जा रहा है। समृद्धि महामार्ग, मिसिंग लिंक सहित लगभग सभी परियोजनाओं में भ्रष्टाचार हुआ है। अब तो इन्होंने भगवान राम के मंदिर का पैसा भी नहीं छोड़ा। सिंधी समाज द्वारा दी गई 200 चांदी की ईंटों का कोई हिसाब नहीं है, श्रद्धालुओं द्वारा दिए गए करोड़ों रुपये के दान का भी कोई हिसाब नहीं है। अयोध्या के राम मंदिर के लिए एकत्र किए गए 1400 करोड़ रुपये भी गायब कर दिए गए हैं। देश का शासन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पूर्व सरसंघचालक एम. एस. गोलवलकर की पुस्तक ‘बंच ऑफ थॉट’ के अनुसार चलाया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि आज देश में ‘पैसा फेंको, तमाशा देखो’ जैसी स्थिति बन गई है। जनता के मूल मुद्दों की अनदेखी कर सत्ताधारी केवल सत्ता और पैसे का खेल खेल रहे हैं। भ्रष्टाचार, महंगाई और किसान विरोधी नीतियों के खिलाफ कांग्रेस सड़कों पर उतरकर संघर्ष करेगी। जनता के मुद्दों के लिए लड़ना ही कांग्रेस की प्रतिबद्धता और भूमिका है।





























































































































































































