
मुंबई : राज्य के उपमुख्यमंत्री अजित पवार Ajit pawar के बेटे पार्थ पवार parth pawar की कंपनी ने पुणे में वतन की 40 एकड़ जमीन भ्रष्ट तरीकों से कब्जा की है। पार्थ पवार ने हजारों करोड़ रुपये की यह जमीन मात्र 300 करोड़ रुपये में, यानी कौड़ियों के दाम में खरीदी है और इस पर सिर्फ 500 रुपये की स्टांप ड्यूटी दी गई है। सरकार के अधिकार में रहने वाली वतन की इस जमीन का सौदा हुआ ही कैसे? यह सवाल उठाते हुए महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल Harshwardhan Vasantrao Sapkal ने कहा कि भ्रष्ट उपमुख्यमंत्री अजित पवार को बर्खास्त करने का साहस मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस CM Devendra Fadnavis को दिखाना चाहिए।
इस मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने आगे कहा कि अजित पवार के बेटे पार्थ पवार की “अमेडिया” नाम की कंपनी है और इस कंपनी ने कोरेगांव पार्क इलाके की यह जमीन बेहद कम कीमत पर हासिल की है। जिस कंपनी ने यह सौदा किया, उस अमेडिया कंपनी की पूंजी केवल 1 लाख रुपये है। अमेडिया कंपनी को इस जगह पर आईटी पार्क बनाना है और इसके लिए सरकार के उद्योग संचालनालय ने केवल 48 घंटे में मंजूरी दे दी। सरकार के कब्जे में रहने वाली वतन की जमीन खरीदी जा सकती है क्या? स्टांप ड्यूटी माफ क्यों की गई? ऐसे सवाल उठाते हुए हर्षवर्धन सपकाल ने कहा कि यह सौदा रद्द किया जाए और पूरे मामले से जुड़े अधिकारियों को तत्काल निलंबित कर उच्चस्तरीय जांच कराई जाए।
किसान कर्जमाफी के मुद्दे पर ‘हर चीज मुफ्त क्यों मांगते हो, थोड़ा काम करो’ कहकर किसानों को धमकाने वाले अजित पवार के इसी जमीन सौदे में 21 करोड़ रुपये की स्टांप ड्यूटी माफ की गई है। तो किसानों का कर्ज माफ करते समय अजित पवार को दर्द क्यों होता है? यह पूरा मामला एक बड़ा घोटाला है, और राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को इस पर स्पष्टीकरण देना चाहिए, ऐसा भी कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने कहा।



























































































































































































